Narmadapuram News: एलआइसी अधिकारी के साथ 1.65 करोड़ रुपये की आनलाइन ठगी
एलआईसी अधिकारी के साथ एक वाट्सएप ग्रुप के माध्यम से आनलाइन ठगी हो गई। अच्छे मुनाफे के लालच में एलआईसी अधिकारी ने तीस लोगों से रुपये लेकर इन्वेस्ट करनी चाही, जिसमें उनके साथ धोखाधड़ी हो गई। सात खातों में ट्रांसफर हुई रकम। पुलिस ने शिकायती आवेदन मिलने के बाद छानबीन शुरू कर दी है।
By Ashish Dixit
Publish Date: Thu, 04 Jul 2024 01:24:38 PM (IST)
Updated Date: Thu, 04 Jul 2024 01:24:38 PM (IST)
HighLights
- एलआईसी अधिकारी वाट्सएप ग्रुप के जरिए हुआ ठगी का शिकार।
- कुछ दिन पहले ही एलआईसी अधिकारी उस समूह से जुड़ा था।
- शातिर ठगों ने आनलाइन लिंक भेज अधिकारी को लगाया चूना।
नवदुनिया प्रतिनिधि, नर्मदापुरम। जिले में भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के विकास अधिकारी के साथ 1.65 करोड़ की आनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। एलआईसी अधिकारी ने कार्रवाई के संबंध में आवेदन देहात थाने में दिया है। पुलिस ने आवेदन के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
एलआईसी के विकास अधिकारी ने शिकायती आवेदन के माध्यम से बताया कि वह इंटरनेट मीडिया के वाट्सअप ग्रुप में जुड़ा हुआ था। इसी ग्रुप में विभिन्न स्कीम की जानकारी दी जाती थी। एक स्कीम के तहत रुपयों के इन्वेंस्ट करने के बारे में लिंक दी गई थी।
लिंक खोलने के बाद जैसे ही उसके आप्शन को क्लिक किया जिसके बाद मैसेज आने शुरू हो गये थे, कुछ देर बाद राशि कटने का संदेश आया। जब ग्रुप एडमिन से संपर्क करने की कोशिश की गई तो संपर्क नहीं हो सका।
फरियादी एलआईसी अधिकारी का कहना है कि कुछ दिन पूर्व ही वह उस वाट्सएप ग्रुप से जुड़ा था, जिसमें इवेंस्टेमेंट प्लान की जानकारी दी जाती थी। कुछ दिन पूर्व ही एक अन्य अधिकारी को इन्वेंस्टमेंट के बाद रुपये मिलने की जानकारी मिली थी। जानकारी की पुष्टि करने के बाद लिंक को खोला।
एसडीओपी पराग सैनी ने बताया कि विकास अधिकारी ने तीस लोगों से रुपये इवेंस्ट करने के लिये लिए थे। सात अलग-अलग खातों में इन रुपयों का ट्रांसफर किया गया था। फरियादी के मुताबिक जिस व्यक्ति द्वारा संपर्क किया गया था, उसने खातों की जानकारी दी थी। एसडीओपी ने बताया कि फरियादी से जानकारी ली जा रही है। जिन खातों में रुपये ट्रांसफर किये गये हैं उनके संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है। फिलहाल किसी तरह का केस दर्ज नहीं किया गया है।